विधायक प्रतिनिधि विधानसभा अल्मोड़ा, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष देवाशीष नेगी जी

विधायक प्रतिनिधि विधानसभा अल्मोड़ा।









 अल्मोड़ा।विधायक प्रतिनिधि विधानसभा अल्मोड़ा, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष देवाशीष नेगी जी ने कहा। कोरोना वायरस संक्रमण का अधिक खतरा दस साल से कम उम्र के बच्चों और 65 साल से अधिक आयु के लोगों में रहता है। हालांकि ऐसा नहीं है कि ये वायरस अन्य लोगों के शरीर में घर नहीं कर सकता। अब ऐसे में प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाकर इससे लड़ा जा सकता है।जिसकी इम्यूनिटी मजबूत है, उसके शरीर में रोगाणु पहुंचकर भी नुकसान नहीं कर पाते, पर जिसकी इम्यूनिटी कमजोर हो गई हो, वह जरा-से मौसमी बदलाव में भी रोगाणुओं के आक्रमण को झेल नहीं पाता। जब बाहरी रोगाणुओं की तुलना में शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता कमजोर पड़ती है, तो इसका असर सर्दी, जुकाम, फ्लू, खांसी, बुखार वगैरह के रूप में हम सबसे पहले देखते हैं। जो लोग बार-बार ऐसी तकलीफों से गुजरते हैं, उन्हें समझ लेना चाहिए कि उनकी इम्यूनिटी ठीक से उनका साथ नहीं दे रही है और उसे मजबूत किए जाने की जरूरत है। सर्दियों का मौसम एक तरह से रोगप्रतिरोधक शक्ति के परीक्षण का मौसम है, लेकिन अच्छी बात यह है कि रोगप्रतिरोधक शक्ति को मजबूत बनाने के लिए भी यही सबसे अच्छा मौसम है।

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